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हर कोई जानता है कि नवजात शिशॠके लिठसà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ बेहद जरूरी है,यह कम से कम 6 महीने के लिठउनका मà¥à¤–à¥à¤¯ आहार है। लेकिन सब यह नहीं जानते की à¤à¤¸à¤¾ कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ हैं। इसमें पà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक रूप से आपके शिशॠके लिठआवशà¥à¤¯à¤•,सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ पोषक ततà¥à¤µ à¤à¤°à¥‡ होते हैं। सà¥à¤¤à¤¨ दूध और सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ के बारे में कà¥à¤› तथà¥à¤¯ यहां बताठगठहैं जो आपको आशà¥à¤šà¤°à¥à¤¯à¤šà¤•ित कर देंगे,à¤à¤²à¥‡ ही आप नयी मां हो या नहीं!
सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ पूरà¥à¤£ रूप से पà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक है और जनà¥à¤® के शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤à¥€ दिनों में कोलोसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤® (दूध का पहला रूप) के माधà¥à¤¯à¤® से à¤à¤‚टीबॉडी, आपके शिशॠके जीवन को उचित शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ देता है।
यदà¥à¤¯à¤ªà¤¿ यह पूरी तरह से पà¥à¤°à¤¾à¤•ृतिक पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ है, लेकिन इसे सही रूप में पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ करना मà¥à¤¶à¥à¤•िल हो सकता है और यह à¤à¤• नई माठके लिठबहà¥à¤¤ ही à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤• समय हो सकता ह।
तनाव मà¥à¤•à¥à¤¤,सà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤œà¤¨à¤• सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ का अनà¥à¤à¤µ पाने के लिठआपके आस-पास सही समरà¥à¤¥à¤¨ होना आवशà¥à¤¯à¤• हैं। समरà¥à¤¥à¤¨ पदà¥à¤§à¤¤à¤¿ के होने से हमेशा ही मदद मिलती हैं।
आपके और आपके शिशॠको इस नठअनà¥à¤à¤µ से अà¤à¥à¤¯à¤¸à¥à¤¤ होने में कà¥à¤› सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ लग सकते हैं,लेकिन यह समय के साथ ही सरल होता जाता है।
सà¥à¤¤à¤¨ दूध में आपके शिशॠके लिठपहले छ: महीनों के विकास और बà¥à¤¨à¥‡ के लिठसà¤à¥€ आवशà¥à¤¯à¤• पोषक ततà¥à¤µ होते हैं।
सà¥à¤¤à¤¨ दूध का उपà¤à¥‹à¤— मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• के विकास में महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ सहायता पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करता है और आपके शिशॠको दीरà¥à¤˜à¤•ालिक सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ लाठदेता है।
सà¥à¤¤à¤¨ दूध में रोग पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•ारक कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ होती है,जो आपके शिशॠको संकà¥à¤°à¤®à¤£à¥‹à¤‚ से सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ करता हैं जैसे पेट की समसà¥à¤¯à¤¾ और कान के संकà¥à¤°à¤®à¤£ ।
सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ करने वाले शिशà¥à¤“ं में à¤à¤•à¥à¤œà¤¿à¤®à¤¾,असà¥à¤¥à¤®à¤¾ और मधà¥à¤®à¥‡à¤¹ जैसी बीमारियों के विकसित होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ कम होती है!
सà¥à¤¤à¤¨ का दूध हमेशा उचित तापमान पर उपलबà¥à¤§ होता हैऔर इसमें किसी तैयारी की आवशà¥à¤¯à¤•ता नहीं होती हैं।
विशà¥à¤µ सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ संगठन 2 साल की उमà¥à¤° तक सà¥à¤¤à¤¨à¤ªà¤¾à¤¨ कराने की सलाह देते हैं।
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